पंजाब की रोपड़ जेल में बंद मऊ सदर के बाहुबली विधायक मुख्तार अंसारी की अर्जी पर अदालत ने स्पष्ट किया है कि इनकी गवाही स्थगित रहेगी। हाईकोर्ट के आदेश के अनुरूप बाद में कराई जाएगी। वीडियो कांफ्रेंसिंग से गवाही दर्ज कराने की मांग अदालत ने स्वीकार नहीं की। सुरक्षा को देखते हुए गाजीपुर एवं प्रयागराज के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक को पूरी सुरक्षा व्यवस्था के साथ अन्य गवाहों को पेश करने का आदेश दिया गया। यह आदेश विशेष न्यायालय के न्यायाधीश आलोक श्रीवास्तव ने मुख्तार अंसारी के अधिवक्ता एवं बृजेश सिंह के अधिवक्ता प्रमोद सिंह नीरज व अभिषेक त्रिपाठी के तर्कों को सुन कर दिया।
अदालत ने कहा कि इस न्यायालय में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग की सुविधा उपलब्ध नहीं है। इस संबंध में जिला जज को पत्र लिखा जाए, अभियोजन पक्ष को निर्देश दिया कि गवाहों की उपस्थिति नीयत तारीख पर कराई जाए। सुप्रीम कोर्ट के दिए गए निर्देशों के अनुसार गवाहों की उचित सुरक्षा प्रयागराज व गाजीपुर के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक करेंगे। गवाही दर्ज किए जाने के लिए पत्रावली 3 फरवरी 2021 को पेश की जाए।

