प्रदेश को वर्ष 2027 तक बाल श्रम मुक्त बनाने के उद्देश्य से चलाए जा रहे विशेष अभियान के अंतर्गत मंगलवार को सहायक श्रमायुक्त प्रभात कुमार सिंह के नेतृत्व में श्रम विभाग एवं एएचटीयू (एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट) की संयुक्त टीम द्वारा जनपद मऊ के अली बिल्डिंग मार्केट क्षेत्र में सघन निरीक्षण अभियान चलाया गया।
अभियान के दौरान श्रम प्रवर्तन अधिकारी लईक अहमद, एएचटीयू के प्रभारी इंस्पेक्टर अजीत कुमार चौहान तथा टीम के अन्य सदस्यों ने विभिन्न व्यावसायिक प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के क्रम में श्रीराम वस्त्रालय, न्यू डिपार्टमेंटल स्टोर, सौंदर्य ब्यूटी पार्लर, मोना ब्यूटी पार्लर, आकाश बैग हाउस एवं कोहिनूर ब्यूटी कलेक्शन सहित कुल छह प्रतिष्ठानों की जांच की गई।
निरीक्षण के दौरान कुल 09 किशोर श्रमिक कार्य करते हुए पाए गए। सभी संबंधित प्रतिष्ठानों के स्वामियों एवं संचालकों को निरीक्षण टिप्पणी जारी करते हुए अपना पक्ष प्रस्तुत करने के लिए एक सप्ताह का समय दिया गया है। संतोषजनक जवाब प्राप्त न होने की स्थिति में संबंधित प्रतिष्ठानों के विरुद्ध सक्षम न्यायालय में वाद दायर करते हुए विधिक कार्रवाई की जाएगी।
सहायक श्रमायुक्त प्रभात कुमार सिंह ने बताया कि जनपद मऊ को वर्ष 2027 तक बाल श्रम मुक्त बनाने के लक्ष्य के तहत अगस्त माह में लगातार निरीक्षण अभियान चलाया जाएगा। उन्होंने सभी प्रतिष्ठान स्वामियों एवं सेवायोजकों से अपील की कि वे अपने प्रतिष्ठानों में किसी भी बालक अथवा किशोर को नियोजित न करें।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि किसी प्रतिष्ठान में बाल श्रमिक अथवा किशोर श्रमिक कार्य करते हुए पाए जाते हैं तो संबंधित सेवायोजक के विरुद्ध बाल एवं किशोर श्रम (प्रतिषेध एवं विनियमन) अधिनियम, 1986 (संशोधित अधिनियम-2016) के तहत नियमानुसार कठोर कार्रवाई की जाएगी।
