मऊ- सरकारी धन के बंदरबांट को लेकर जिला पंचायत कार्यालय पर लगाया आरोप- सुजीत कुमार सिंह

भारतीय जनता पार्टी के नेता एवं हिंदू युवा वाहिनी के पूर्व जिला अध्यक्ष सुजीत कुमार सिंह ने जिला पंचायत राज अधिकारी कार्यालय में व्याप्त भ्रष्टाचार अनियमितता एवं नियमों को ताक पर रखकर किए गए सरकारी धन के बंदरबांट एवं वित्तीय वर्ष 2021-22 मे 5 माह तक बिना टेंडर कराएं करोड़ों रुपए के सरकारी धन का गबन की उच्च स्तरीय जांच कराए जाने की मांग को लेकर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी के माध्यम से भेज कर उच्च स्तरीय जांच कराए जाने की मांग की है उन्होंने कहा कि मऊ जनपद में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के बाद माह मई में ग्राम पंचायतों का गठन हुआ ग्राम पंचायतों के विकास कार्य एवं ग्राम पंचायतों में कार्य कराने के लिए टेंडर छपवाए गए परंतु जिला पंचायत राज अधिकारी घनश्याम सागर ने अपने पद और अधिकारों का दुरुपयोग करते हुए शासन की मंशा के विपरीत टेंडर को निरस्त करा दिया जबकि ग्राम पंचायतें स्वतंत्र इकाई है उन्हें टेंडर प्रकाशन का अधिकार भी प्राप्त है मई माह के मध्य से सितंबर माह तक बिना टेंडर के वित्तीय वर्ष 2021- 22 में जिले के 9 ब्लॉकों में मनमाने तरीके से 16 करोड़ से अधिक धनराशि निकाल कर सरकारी धन का व्यापक पैमाने पर दुरुपयोग किया गया है इस प्रकरण की जांच जिला प्रशासन ने कराया जिसमें अनेक प्रकार की अनियमितता और भ्रष्टाचार उजागर हुआ इसमे एक ग्राम सचिव को दोषी पाए जाने पर बर्खास्त कर दिया गया एवं कई लोगों को निलंबित कर दिया गया लेकिन इस भ्रष्टाचार और गबन के लिए जिम्मेदार जिला पंचायत राज अधिकारी के विरुद्ध कोई कार्यवाही नहीं हुई जबकि सरकार की मंशा है की ग्राम पंचायतें सशक्त एवं मजबूत हो और ग्राम पंचायतों का तेज गति से विकास हो लेकिन मऊ जनपद में आखिर किसके आदेश पर टेंडर छपवाए गए और किसके आदेश पर निरस्त कर दिए गए और 5 माह तक टेंडर जारी नहीं किए गए जिला पंचायत राज अधिकारी घनश्याम सागर ने उत्तर प्रदेश कि योगी आदित्यनाथ जी की सरकार को बदनाम करने के नियत से इस तरह का कृत्य किया गया है जिला पंचायत राज अधिकारी के क्रियाकलापों से सरकार की छवि खराब हो रही है जिसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा इस पूरे प्रकरण में जिला पंचायत राज अधिकारी घनश्याम सागर की भूमिका बेहद संदिग्ध है उनके द्वारा जानबूझकर उत्तर प्रदेश की सरकार की छवि खराब करने के लिए यह घटिया कदम उठाया गया है ताकि योगी सरकार की किरकिरी हो सके जिला पंचायत राज अधिकारी घनश्याम सागर के द्वारा 16 करोड़ रुपए से ज्यादा सरकारी धन का गबन किया गया है जिसका असर 2022 के विधानसभा के चुनाव पर पड़ सकता है योगी सरकार को बदनाम करने की साजिश रचने वाले डीपीआरओ घनश्याम सागर के खिलाफ उच्च स्तरीय जांच करा कर इनके विरुद्ध सख्त कार्रवाई सुनिश्चित करने की कृपा करें ll जनहित में आवश्यक कार्यवाही हेतु सूचना आपकी सेवा में सादर प्रेषित है कृपया इस प्रकरण की जांच कराकर गबन में शामिल डीपीआरओ घनश्याम सागर को गिरफ्तार करा कर उचित कानूनी कार्रवाई करने की कृपा करें