शारदा नारायण हासपिटल मऊ बना कोरोना वैकिसीनेशन सेंटर

कोरोना वायरस को जड़ से खत्म करने के लिए अब भारत भी एक बड़ा कदम बढ़ा रहा है उसी तरफ आज मऊ जनपद के शारदा नारायन हास्पिटल में आज कोरोना वैक्सिीनेशन का आयोजन किया गया जिसकी शुरूआत हास्पिटल के डायरेक्टर व चेयरमैन डा0 संजय सिंह ने स्वंय टीका लगवाकर किया। तथा टीकाकरण के बारे में लाभार्थियों से अपील करते हुए कहा कि को-विन पोर्टल पर पंजीकृत सभी लोग टीकाकरण केंद्रों पर समय से पहुंचे और टीके लगवाना सुनिश्चित करें। टीके की एक शीशी में 10 लोगों का डोज होता है। एक बार शीशी खुलने के बाद एक नियत समय तक ही उसको उपयोग में लाया जा सकता है। इसलिए समय का ध्यान रखें और विभाग का सहयोग करें। कहा कोविशील्ड का यह टीका सबसे सुरक्षित टीका है। यह शरीर पर किसी तरह का प्रतिकूल प्रभाव भी नहीं छोड़ता।सीरम इंस्टीट्यूट की फैक्टशीट के अनुसार कोविशील्ड टीका 18 वर्ष और उससे अधिक उम्र के लोगों के लिए है। यह टीका उन लोगों को नहीं लगना है जिन्हें पहली खुराक के बाद गंभीर रूप से एलर्जी हुई हो। इसके लिए चिकित्सक से परामर्श लें। कोविशील्ड से जुड़े प्रतिकूल प्रभाव में सामान्य तौर पर तबीयत न लगना, थकान महसूस होना, कंपकंपी या बुखार सा महसूस होना, सिर दर्द, मतली, जोड़ो या मांसपेशियों में दर्द की शिकायत हो सकती है।